ट्रेडिंग डे : आज़ क्या करूँ?

 सुबह का समय है. कल जितना परेशान और हैरान था. आज़ वो तासीर जरा कम दिखाई दे रही है. साईकी हिल गयी थी कल. 

कारण क्या था? 

मै अपनी ट्रेडिंग को लेकर हैरान था, परेशान था.

मुझे यह बात पचाने मे दिक्क़त हों रही थी कि पेंतालिस हजार से शुरू करके अठावन हजार तक पहुँचने के बाद वापस पेंतालिस हजार तक कैसे पहुँच गया मेरा केपिटल. 

भला हों 1% रिस्क नियम का, जों मै 18 मे से 14 ट्रेड लॉस करने के बाद भी वही हूं जहाँ से शुरू किया था.

हाई रिस्क रीवार्ड रेशो ने भी मुझे बचा लिया. वरना पैसा खोने मे यहाँ कितना समय लगता है! 

आज़ क्या करूँ लेकिन? 

आज़ मै वापस रिवाइज करूँ अपनी लेसन को.

कुछ रिटन वर्क करूँ.

एक दो चेपटर दुबारा पढू. 

चलो.... उठो.... पढ़ो... सीखो..... आगे बढ़ो.... 

दुनियाँ मे आये हों, तो कुछ कर दिखाओ.

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